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DELHI: आम आदमी पार्टी के विकास कार्यों से भयभीत है भाजपा

DELHI: आम आदमी पार्टी के विकास कार्यों से भयभीत है भाजपा

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नई दिल्ली। आम आदमी पार्टी देश की एक मात्र ऐसी पार्टी है जो कि सत्ता में आने के बाद कुर्सी बचाने के लिए नहीं बल्कि दिल्लीवासियों के अधिकारों के लिये कार्य किया है। आज दिल्ली के विकास कार्यों की चर्चा भारत ही नहीं पूरे बिश्व में हो रही है। दुनिया के दूसरे मुल्कों के लोग दिल्ली के विकास की तर्ज पर अपने देश में विकास करना चाहते हैं।

शिक्षा और स्वास्थ्य के क्षेत्र में जो काम केजरीवाल सरकार ने किया है वह कार्य भारत के किसी अन्य राज्य में कहीं नहीं हुआ है। अन्य राजनीतिक पार्टियां सत्ता पाने के बाद अपना पाच साल कुर्सी बचाने में गवाँ देती हैं और जनता विकास की आस लगाए बैठे रह जाती है। परंतु दिल्ली की सरकार ने अपना पूरा समय योजनाओं को बनाने में लगाया है और लगा रही है। जिसका नतीजा है कि आज शिक्षा और स्वास्थ्य पर किये गए कार्यों से जहां लोग सीख ले रहे हैं वहीं भाजपा जैसे विरोधी दल विकास कार्यों से बौखलाए हुए हैं।

गौरतलब है कि 2014 में मोदी ने देश की जनता से जो वादा किया था वह सब के सब जुमला निकले और केजरीवाल ने जो वादे किए थे उसमे से लगभग पूरे होते दिख रहे हैं जबकि केंद्र सरकार ने अपने मातहतों के द्वारा दिल्ली सरकार के कार्यों में अड़ंगा लगाने का काम पूरे ज़ोर शोर से ल किया उसके बावजूद केजरीवाल सरकार ने दिल्ली की सूरत बदल दिया।

दिल्ली में हुए विकास कार्यों का सबसे ज्यादा फायदा दिल्ली के आम नागरिकों को मिल रहा है। जैसे बीमारी के समय दूर दराज अस्पतालों में जाना और फिर वहां दिन भर लाइन में लगना और फिर कभी दवाई नही है तो कभी डॉक्टर नही हैं ।

मोहल्ला क्लिनिक
अब मोहल्ला क्लिनिक खुल जाने से छोटी मोटी बीमारी का इलाज अपने घर के बगल में मुफ्त में हो रहा है तो वहीं साफ सुथरी व्यवस्था और समय से डॉक्टरों का आना व दवाइयों का मुफ्त में मिलना आम आदमी के जीवन का क्रांतिकारी बदलाव है। इससे लाखों लोग रोज लाभान्वित हो रहे हैं।

शिक्षा में बदलाव
दिल्ली के सरकारी स्कूल गरीबों के बच्चों के लिए बने हैं ऐसा लोंगों का मानना था, क्योंकि स्कूलों की दशा ही ऐसी बनाई हुई थी। चमचमाते निजी स्कूलों के सामने सरकारी स्कूलों को गंदा और बदसूरत बनाया हुआ था। स्कूलों में अध्यापकों के आने और जाने का कोई समय नहीं था जिसके कारण बालकों के भी आने व जाने का समय नही था। जिसके कारण इन स्कूलों में पढ़ने वाले छात्र निजी स्कूलों की अपेक्षा कमज़ोर होते थे। इसी लिए फिर उन्हें आगे जाकर कॉलेज भी नहीं मिल पाते थे। कुल मिला कर यह कह सकते हैं कि छात्रों का भविष्य बर्बाद किया जा रहा था लेकिन जब से दिल्ली की सरकार आयी है तब से मंत्रियों और अधिकारियों के अथक प्रयासों से आज सरकारी स्कूलों में दाखिले के लिए लोग इंतजार कर रहे हैं। स्कूलों की साफ सफाई, कम्प्यूटर क्लास, स्विमिंग पूल, सीसीटीवी कैमरे से लैस चमचमाती क्लासें अपनी हालत खुद बयाँ कर रही हैं। अब वही सरकारी स्कूलों के बच्चे निजी स्कूलों के बच्चों को मात दे रहे हैं। बात चाहे पढ़ाई की हो या फिर खेल कूद और सांस्कृतिक कार्यक्रमों की सब जगह आम परिवारों के बच्चों ने अपना स्थान बना लिया है।

पूर्वी दिल्ली के कोंडली का एक आम आदमी कहता है कि हम लोंगों के लिये यह सब एक सपना था जो अब साकार हो गया है और यह सब सम्भव हो पाया है अरबिंद केजरीवाल की सरकार से, जो हुकूमत करने नहीं जनता की सेवा करने आई है।

अन्न बांटने की योजना

अन्न बांटने की सबसे महत्वपूर्ण योजना दिल्ली सरकार ने तैयार कर लिया है। परंतु केंद्र सरकार और एलजी की उपेक्षा के कारण अभी तक अधर में लटकी हुई है। इस योजना के लागू होने पर आम जनता को राशन की दुकान से मिलने वाला राशन उनके घर पर मिलेगा।

जिससे भ्र्ष्टाचार और दलाली पूरी तरह से खत्म हो जाएगी। पहले जो लोग राशन नहीं ले जाते थे उनके हिस्से का राशन कोटेदार ब्लैक कर देता था। अब इस व्यवस्था से जहां सबको को समय से राशन मिल सकेगा वहीं उनके अधिकारों की रक्षा हो सकेगी।

यह व्यवस्था भी पूरे भारत की सबसे अलग और पारदर्शी व्यवस्था होगी जिससे 100 प्रतिशत लोंगों को लाभ मिलेगा। By:KD Siddiqui, editorgulistan@gmail.com

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